LIC Bima Sakhi Yojana official website की बीमा सखी योजना के लिए महिलाओं में उत्साह, एक एक महीने में 50000 हजार से अधिक पंजीकरण
एलआईसी की बीमा सखी (एमसीए योजना) एक वजीफा योजना है, जो विशेष रूप से महिलाओं के लिए है , जिसकी वजीफा अवधि 3 वर्ष है ।एमसीए योजना के अंतर्गत किसी व्यक्ति की नियुक्ति को निगम के कर्मचारी के रूप में वेतनभोगी नियुक्ति नहीं माना जाएगा।आवेदन की तिथि पर न्यूनतम आयु 18 वर्ष होनी चाहिए। प्रवेश के समय अधिकतम आयु 70 वर्ष (अंतिम जन्मदिन) होगी।न्यूनतम योग्यता – 10वीं कक्षा उत्तीर्ण।एमसीए द्वारा प्रत्येक वजीफा वर्ष के दौरान पूरा किए जाने वाले प्रदर्शन मानदंड

सार्वजनिक क्षेत्र की इंश्योरेंस कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) की बीमा सखी योजना में एक महीने के भीतर 50 हजार से ज्यादा पंजीकरण हुए हैं। पीएम मोदी ने महिला सशक्तिकरण के जरिए विकसित भारत की दिशा में एक पहल के तौर पर इस योजना की शुरुआत की थी।
मौजूदा एजेंट या कर्मचारी के रिश्तेदार एमसीए के रूप में भर्ती होने के पात्र नहीं होंगे। रिश्तेदारों में निम्नलिखित पारिवारिक सदस्य शामिल होंगे – पति या पत्नी, गोद लिए गए और सौतेले बच्चों सहित बच्चे (चाहे आश्रित हों या नहीं), माता-पिता, भाई, बहन और सगे ससुराल वाले।निगम के सेवानिवृत्त कर्मचारी या पुनर्नियुक्ति चाहने वाले पूर्व एजेंट को एमसीए योजना के अंतर्गत एजेंसी नहीं दी जाएगी।मौजूदा एजेंट एमसीए के रूप में भर्ती के लिए आवेदन नहीं कर सकते।आवेदन पत्र के साथ नवीनतम पासपोर्ट आकार की तस्वीर अपलोड की जानी चाहिए।आवेदन पत्र के साथ निम्नलिखित दस्तावेज संलग्न किए जाने चाहिए:-
दस्तावेज संलग्न किए जाने चाहिए
- आयु प्रमाण पत्र की स्व-सत्यापित प्रति
- पते के प्रमाण की स्व-सत्यापित प्रति
- शैक्षिक योग्यता के प्रमाण पत्र की स्व-सत्यापित प्रति
यदि दी गई जानकारी अधूरी है तो आवेदन अस्वीकार किया जा सकता है
बीमा सखियों के लिए कुल 52,511 पंजीकरण
एलआईसी ने बुधवार को जारी एक बयान में बताया कि उद्घाटन के एक महीने बाद बीमा सखियों के लिए कुल 52,511 पंजीकरण हुए हैं। कंपनी ने कहा कि 27,695 बीमा सखियों को पॉलिसी बेचने के लिए नियुक्ति पत्र जारी किए गए हैं। वहीं, 14,583 बीमा सखियों ने पॉलिसी को बेचना शुरू कर दिया है।
देश की प्रत्येक पंचायत से बनेंगी बीमा सखी
इस अवसर पर एलआईसी के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) सिद्धार्थ मोहंती ने कहा, “हमारा उद्देश्य एक वर्ष के भीतर देश की प्रत्येक पंचायत को कम से कम एक बीमा सखी से कवर करना है।” उन्होंने कहा कि एलआईसी महिलाओं को उचित कौशल प्रदान करके और उन्हें मजबूत डिजिटल उपकरणों से सशक्त बनाकर बीमा सखी धारा को मजबूत कर रही है।
प्रत्येक बीमा सखी को वजीफा
इस योजना के अनुसार प्रत्येक बीमा सखी को पहले वर्ष 7 हजार रुपये, दूसरे वर्ष 6 हजार रुपये तथा तीसरे वर्ष 5 हजार रुपये मासिक वजीफा (भुगतान) दिया जाएगा। ये वजीफा एक बुनियादी सहायता भत्ते के रूप में काम करता है। इसके अतिरिक्त, महिला एजेंट अपनी बीमा पॉलिसियों के आधार पर कमीशन कमा सकती हैं। इस योजना में व्यवसाय पर अर्जित कमीशन के अलावा तीन साल के लिए मासिक भुगतान का लाभ भी शामिल है।
18 से 70 वर्ष की आयु की वे महिलाएं हो सकती हैं शामिल
बता दें कि एलआईसी का लक्ष्य अगले तीन साल में 2 लाख बीमा सखियों की भर्ती करना है। 18 से 70 वर्ष की आयु की वे महिलाएं जो 10वीं कक्षा तक की शिक्षा प्राप्त कर चुकी हैं, वे इस योजना के लिए आवेदन करने के लिए पात्र हैं।